Hu Taro Tu Maro

English

https://youtu.be/vq8wyy31Sxg


Jhankhu Chu Hu Waal Bhari Dhrasti Ne,

Sarwastra Taaru Hu Te Mujne Didhu Che,

Bas Taaari Bas Taaari Mujne Kami Che,

Aavo Ne Aavo Ne Aaaaaavooo Ne…

Taaru Ne Maaru Ho Milan Ke, Jhankhe Che Maara Aa Nayan,

Shwasho Ma Guru Che Ratan, Jhankhu Che Taaruj Sharan,

Hu Toh Tara Prem Ma Chu Khovayo, Tara Rang Ma Chu Rangayo,

Na Thaaje Dur Kadi Hu Taaro Tu Maaro Hu Taro Tu Maro,

Su Vaank Che Guru Maaro Vachano Thi Vanchit Raakhyo,

Niyati Nu Shu Che Ishaaro Bas Mon No Yog Paamyo,

Ek Vaar Aavi Ne Mujne Maara Naam Thi Toh Pukaaro,

Amulya A Shann Ni Mujne Kyarek Toh Bhet Aapo,

Taro Maro Prem Toh Che Savaayo Tara Monn Ma Chu Bhinjayo,

Naa Thaaje Durr Kadi Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu,Maaro,

Tu Suraj Ne Hu Tar Rajj, Kahu Chu Tujne Dil Ni Araj,

Tu Taran Ne Maaru Sharan, Made Tujne Haste Rajoharan,

Tu Suraj Ne Hu Tar Rajj, Kahu Chu Tujne Dil Ni Araj,

Tu Taran Ne Maaru Sharan, K Made Tujne Haste Rajoharan,

Antevaasi Thavane Taro, Akaante Karuna Karjo,

Sarvanshe Banu Ansh Taro, Havei Aavine Mujne Taro,

Hu Chu Tara Vhalama Sauthi Vhalo, Taro Shisya Sauth Niralo,

Naa Thaaje Durr Kadi Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu Maaro…

Aapine Tari Odakh, Tuj Antar Ma Vasavyo,

Adrashya Krupa Vahavi, Tu Dur Jaine Chupayo,

Radto Rahyo Chu Hu Bhavma, Kya Taaru Sarnamu Sodhu,

Tara Charne Bhet Dharwa, Marama Kaai Na Maru,

Tu Che Maro Tirth Ne Tirthankar, Bani Jaau Taari Mate Hu Gandhar,

Naa Thaaje Durr Kadi Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu,Maaro….

Na Dur Tujthi Rahu Ke, Na Dur Muj Thi Thaje,

Tara Jevo Hu Banu, Krupa Tu Avi Karje,

Hu Toh Bas Tara Gunono Grahak, Tara J Gunono Chahak,

Gunono Vaahak Banu, Tu Maro Hu Taro Hu Taro Tu Maro,

Tane Chodine Jagatma, Jaavu Hu Jeni Pase,

Adrashya Taari Aankho, Tu Jya Che Tya Thi Nihade,

Antarma Gyaan Drashti, Aavine Tu Jagade,

Hu Bhulo Na Padu Kya, Bhulo Ne Mari Sudhare,

Hu Toh Tari Dhrasti Ma Chu Khovayo, Mari Dhrasti Ma Tu Samayo,

Naa Thaaje Durr Kadi, Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu Maaro….

Mann Thi J Tu Iche Guru, Ichane Anurup Banu,

Tari Sevane Kaaje Guru, Taro Padchaayo Bani Rahu,

Mann Thi J Tu Iche Guru, Ichane Anurup Banu,

Tari Sevane Kaaje Guru, Taro Padchaayo Bani Rahu,

Hu Toh Taaro Ne Taro Chu Guru Tari Aaraye Jeevan Maaru,

Anushashan Ma Aatam Hu Dharu, Tari Sange Hu Muktine Varu,

Ek Tari Smit No Chu Dewano, Naino Ma Tara Vasvano,

Naa Thaaje Durr Kadi Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu Maaro,

Tari Sadhna Ni Sharo Ne, Muj Ghadtar Ma Vitave,

Mari Mukti Ne Keravva, Mara Dosho Ne Pan Vadhare,

Har Bhavma Te Karelu, Maru Ghadtar Su Ganavu,

Aa Jeevan Te Didhu Che, Vaddhtar Tane Hu Su Aapu,

Hu Toh Nischit Theine Rahevano, Tari Sathe Hu Vasvano,

Naa Thaaje Durr Kadi, Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu Maaro,

Naa Thaaje Durr Kadi, Tu Maaro Hu Taro.... Hu Taro Tu Maaro…


झंखु छु हु, व्हाल भरी द्रष्टि ने, सर्वस्व तारु ते मुजने दिधु छ, बस तारी, बस तारी, मुजने कमी छे, आवोने..आवोने..(२) तारु ने मारु हो मिलन, के झंखे छे मारा आ नयन, श्वासो मा तारु छे रटन, झंख छ तारु ज शरण, हु तो तारा प्रेम मा छु खोवायो, तारा रंग मा छु रंगायो, ना थाजे दूर कदी.. हु तारो तू मारो...हु तारो तू मारो... शु वांक छे गुरु मारो, वचनों थी वंचित राख्यो, नियती नु शु छे इशारो, बस मौन नो योग पाम्यो, एक वार आवी ने मुझने, मारा नाम थी तो पुकारो, अमूल्य ए क्षण नी मुझने, क्यारेक तो भेट आपो.. तारो मारो प्रेम तो छ सवायो, तारा मौन मा छु भीजायो, ना थाजे दूर कदी.. तू मारो हु तारो...हू तारो तू मारो... तू सूरज ने हु तारी रज, कहु छु तुझने दिल नी अरज, तू तारण ने मारु शरण, के मळे तुझ हस्ते रजोहरण .... (२) अंते वासी थवाने तारो, एकांते करुणा करजो, सर्वांशे बनु अंश तारो, हवे आवी ने मुझने तारो, हु छु तारा व्हालमां सौथी व्हालो, तारो शिष्य सौथी निरालो, ना थाजे दूर कदी.. हु तारो तू मारो...हु तारो तू मारो... आपीने तारी ओळख, तुझ अंतरमां वसाव्यो, अद्रुश्य कृपा वहावी, तू दूर जइने छुपायो, रइतो रहयो छु हु भवमां, क्या तारु सरनामु शोधू , तारा चरने भेट धरवा, मारामा काई ना मारु, तू छे मारो तीर्थ ने तीर्थंकर, बनी जाउ तारी माटे हु गणधर, ना थाजे दूर कदी.. तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... ना दूर तुझ थी रहु के, ना दूर मुज थी थजे, तारा जेवो हु बनु, कृपा तू एवी करजे, हु तो बस तारा गुणोनो ग्राहक, तारा ज गुणोनो चाहक, गुणोनो वाहक बनु.. तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... तने छोडीने जगतमां, जावू हु जेनी पासे, अद्रुश्य तारी आंखों, तू ज्या छे त्या थी निहाळे, अंतरमा ज्ञान द्रष्टि, आवीने तू जगाड़े, हु भूलो ना पडु क्या, भूलोने मारी सुधारे, हु तो तारी द्रष्टि मां छु खोवायो, मारी द्रष्टि मां तू समायो, ना थाजे दूर कदी.. तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... मन थी जे तू इच्छे गुरु, इच्छाने अनुरुप बनु, तारी सेवाने काजे गुरु, तारो पड़छायो बनी रहू..... (२) हु तो तारो ने तारो छु गुरु, तारी आणा ऐ जीवन मारु, अनुशासन मा आतम हु धरु, तारी संगे हु मुक्तिने वरु, एक तारी स्मित नो छू दिवानो, नैनों मा तारा वसवानो, ना थाजे दूर कदी.. तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... तारी साधना नी क्षणों ने, मझ घड़तर मा वितावे, मारी मुक्तिने केळववा, मारा दोषोने पण वधावे, हर भवमां ते करेलू, मारु घडतर शु गनावु, आ जीवन ते दिधु छे, वळतर तने शु हु आपु, हु तो निश्चित थइने रेहवानो, तारी साथे हु वसवानो, ना थाजे दूर कदी.. तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो... तू मारो हु तारो...हु तारो तू मारो...


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